Health

शरीर का तापमान अचानक से बढ़ जाता है तो कम करने के लिए इन उपायों को अपनाएं

कुछ लोगों को ज्यादा ही गर्मी लगती है। सामान्य लोगों की तुलना में गर्मी और पसीने से बेहाल रहते हैं। वहीं ऐसे लोगों का बॉडी टेंपरेचर भी हमेशा ज्यादा बना रहता है। ऐसा लगता है जैसे उन्हें बुखार हुआ है। अगर आपके साथ भी कुछ ऐसा रहता है तो इसके कई कारण जिम्मेदार हो सकते हैं। हालांकि प्रेग्नेंसी में, 65 साल की उम्र के बाद, किसी खास मेडिकल कंडीशन की वजह से और कई बार बहुत छोटे बच्चों के शरीर का तापमान ज्यादा होता है। लेकिन इन सब कारणों के अलावा इन वजहों से बॉडी का तापमान ज्यादा है तो उसे कम करने के लिए कुछ उपाय काम आ सकते हैं। आगे जानें शरीर का तापमान ज्यादा होने के कारण क्या है?

शरीर का तापमान ज्यादा होने के कारण
शरीर का तापमान ज्यादा होने के कई कारण जिम्मेदार हो सकते हैं।

-ज्यादा मात्रा में कैफीन या एल्कोहल लेने की वजह से या,
-ज्यादा स्पाइसी फूड खाने की वजह से हार्ट रेट बढ़ जाती है। जिसकी वजह से शरीर का तापमान ज्यादा हो जाता है।
-जिन लोगों के बॉडी में फैट की मात्रा ज्यादा होती है, उनके शरीर का तापमान ज्यादा होता है।
-अचानक स्ट्रेस लेने की वजह से भी शरीर का तापमान बढ़ जाता है।
-थायराइड की समस्या में भी शरीर का तापमान ज्यादा रहता है।
-सीधे धूप में बहुत देर रहने से भी गर्मी और शरीर का तापमान बढ़ जाता है। जिसमे बॉडी को कूल करने की जरूरत पड़ती है।
-सिंथेटिक, टाइट और मोटे कपड़े पहनने की वजह से कई बार अचानक से गर्मी और बॉडी टेंपरेचर बढ़ जाता है।

शरीर का तापमान ज्यादा रहता है तो क्या करें?
शरीर का तापमान ज्यादा रहने पर इन उपायों को अपनाया जा सकता है।
-पानी पीने की मात्रा बढ़ा दें।

-ऐसे फूड्स को खाएं जिन्हें नेचुरल वाटर हो। जैसे खीरा, ककड़ी, तरबूज।

-शरीर का तापमान ज्यादा रहता है तो हल्के और पतले कपड़ों को चुनें, जिससे गर्मी कम लगे। कॉटन और लिनेन फैब्रिक बॉडी टेंपरेचर को नॉर्मल बनाकर रखते  हैं।

-नारियल पानी पिएं।

-पुदीना की चाय शरीर के तापमान को बैलेंस रखने में मदद करती है। साथ ही शरीर को कूल इफेक्ट देती है।

-गहरी लंबी सांस लेने की कोशिश करें, ये स्ट्रेस की वजह से बढ़ने वाली गर्मी को कम करने में हेल्प करती है।

-पैरों को ठंडे पानी में डुबोएं। ऐसा करने से शरीर को ठंडक मिलती है। किसी टब में बर्फ का पानी या ठंडा पानी डालकर उसमे करीब बीस मिनट तक पैरों को डुबोकर बैठें। ऐसा करने से राहत मिलती है। आप चाहें तो इसमे कुछ बूंदे पिपरमिंट एसेंशियल ऑयल की भी डाल सकते हैं।

Related Articles

Back to top button