Census 2027: घर-घर पहुंच रहे प्रगणक, लेकिन नहीं दिखाना होगा आधार कार्ड! जानिए क्या देनी है जानकारी

वाराणसी। देशभर में चल रही जनगणना 2027 को लेकर लोगों के मन में कई तरह के सवाल उठ रहे हैं। खासकर भवन गणना के दौरान नागरिकों को कौन-कौन सी जानकारी देनी है और क्या कोई दस्तावेज दिखाना जरूरी होगा, इसे लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है। अब जनगणना अधिकारियों ने इस विषय पर स्पष्ट जानकारी दी है।
फिलहाल देश में जनगणना का पहला चरण यानी भवन गणना का कार्य जारी है। इस दौरान प्रगणक घर-घर जाकर भवनों और परिवारों से जुड़ी बुनियादी जानकारी एकत्र कर रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार इस चरण में लोगों को किसी भी प्रकार का पहचान पत्र, आधार कार्ड, वोटर आईडी या अन्य दस्तावेज देने की आवश्यकता नहीं है।
भवन गणना में क्या जानकारी देनी होगी?
भवन गणना के दौरान केवल कुछ सीमित जानकारियां ही मांगी जा रही हैं। इनमें शामिल हैं:
- परिवार के मुखिया का नाम
- मुखिया का मोबाइल नंबर
- भवन से संबंधित सामान्य जानकारी
- भवन का उपयोग किस उद्देश्य के लिए किया जा रहा है
इसके अलावा किसी अन्य सदस्य की व्यक्तिगत जानकारी इस चरण में नहीं मांगी जा रही है।
आधार कार्ड, ओटीपी और फोटो की नहीं होगी जरूरत
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जनगणना के दौरान:
- कोई भी प्रगणक ओटीपी नहीं मांग सकता।
- आधार कार्ड की कॉपी देने की जरूरत नहीं है।
- फोटो जमा कराने की आवश्यकता नहीं है।
- फोन कॉल के माध्यम से जनगणना संबंधी जानकारी नहीं मांगी जा रही है।
यदि कोई व्यक्ति जनगणना के नाम पर ओटीपी या बैंकिंग जानकारी मांगता है तो नागरिकों को सतर्क रहना चाहिए।
वोटर लिस्ट से नहीं है कोई संबंध
कई लोगों के मन में यह सवाल है कि क्या भवन गणना के दौरान उनका नाम वोटर लिस्ट में जोड़ा जाएगा। अधिकारियों के अनुसार जनगणना और मतदाता सूची का कार्य पूरी तरह अलग-अलग है। वोटर लिस्ट का पुनरीक्षण निर्वाचन विभाग द्वारा किया जाता है।
स्वयं फॉर्म भरने वालों के लिए क्या नियम हैं?
जो नागरिक ऑनलाइन पोर्टल या मोबाइल ऐप के माध्यम से स्वयं गणना फॉर्म भर चुके हैं, उन्हें सत्यापन के समय केवल अपनी सेल्फ एन्यूमरेशन आईडी बतानी होगी। इसके अतिरिक्त कोई जानकारी देने की आवश्यकता नहीं होगी।
कब शुरू होगी व्यक्ति आधारित जनगणना?
भवन गणना के बाद दूसरा चरण शुरू होगा जिसमें परिवार के सभी सदस्यों की जानकारी दर्ज की जाएगी। यह प्रक्रिया 1 फरवरी 2027 से 28 फरवरी 2027 तक प्रस्तावित है।
इस चरण में निम्न जानकारियां ली जा सकती हैं:
- नाम
- आयु
- शिक्षा
- व्यवसाय
- वैवाहिक स्थिति
- अन्य सामाजिक एवं आर्थिक विवरण
बंद मकानों का क्या होगा?
यदि कोई मकान लंबे समय से बंद पाया जाता है या निरीक्षण के दौरान उसमें कोई मौजूद नहीं मिलता है, तो उसे “लॉक्ड” श्रेणी में दर्ज किया जाएगा। ऐसे भवनों की अलग से गणना की जाएगी।
शिकायत या जानकारी के लिए हेल्पलाइन
यदि आपके क्षेत्र में अभी तक भवन गणना नहीं हुई है या जनगणना से जुड़ी कोई समस्या है, तो हेल्पलाइन नंबर 1855 पर संपर्क किया जा सकता है।
क्यों महत्वपूर्ण है जनगणना 2027?
जनगणना किसी भी देश की विकास योजनाओं की नींव मानी जाती है। इससे प्राप्त आंकड़ों के आधार पर सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, आवास, रोजगार और आधारभूत सुविधाओं से जुड़ी नीतियां तैयार करती है। इसलिए नागरिकों का सही और समय पर सहयोग बेहद महत्वपूर्ण है।
जनगणना 2027 के पहले चरण में केवल भवनों और परिवार के मुखिया की मूल जानकारी ली जा रही है। ऐसे में अफवाहों से बचें और केवल अधिकृत प्रगणकों को आवश्यक जानकारी ही उपलब्ध कराएं।




