
सोशल मीडिया पर चर्चा में रहने वाली कॉकरोच जनता पार्टी (Cockroach Janta Party) और सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश Markandey Katju की नई ‘इश्क करो पार्टी’ के बीच अब दिलचस्प राजनीतिक और वैचारिक बहस शुरू हो गई है। कॉकरोच जनता पार्टी के संयोजक अभिजित दिपके ने पुणे में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूर्व जज काटजू की पार्टी पर प्रतिक्रिया दी और अपनी आगे की रणनीति का भी खुलासा किया।
क्या बोले अभिजित दिपके?
पुणे में मीडिया से बातचीत के दौरान अभिजित दिपके से पूछा गया कि पूर्व जज मार्कण्डेय काटजू युवाओं से कॉकरोच जनता पार्टी छोड़कर ‘इश्क करो पार्टी’ में शामिल होने की अपील कर रहे हैं। इस पर दिपके ने बेहद संतुलित प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है और यहां किसी भी नागरिक को नई राजनीतिक पार्टी बनाने का पूरा अधिकार है।
उन्होंने कहा कि किसी भी व्यक्ति को अपने विचारों के आधार पर संगठन या राजनीतिक मंच बनाने की स्वतंत्रता होनी चाहिए और लोकतंत्र की यही खूबी है।
क्या है ‘इश्क करो पार्टी’?
पूर्व न्यायाधीश मार्कण्डेय काटजू ने हाल ही में सोशल मीडिया के जरिए ‘इश्क करो पार्टी’ की शुरुआत की है। उन्होंने इसके लिए सोशल मीडिया पेज और एक वेबसाइट भी बनाई है।
हालांकि पार्टी के नाम को लेकर कई लोगों ने इसे मजाक या प्रेम संबंधों से जोड़कर देखा, लेकिन काटजू ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी में ‘इश्क’ का अर्थ केवल प्रेम संबंध नहीं है।
उनके अनुसार:
- देश और देशवासियों के प्रति प्रेम
- धर्म, जाति और भाषा से ऊपर उठकर एकता
- सामाजिक सौहार्द और भाईचारा
- मतभेदों को भुलाकर राष्ट्रीय एकजुटता
इन्हीं विचारों को बढ़ावा देना पार्टी का उद्देश्य है।
धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी
प्रेस कॉन्फ्रेंस में अभिजित दिपके ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री Dharmendra Pradhan के खिलाफ भी मोर्चा खोल दिया।
उन्होंने कहा कि यदि शिक्षा मंत्री इस्तीफा नहीं देते हैं तो कॉकरोच जनता पार्टी देशव्यापी आंदोलन शुरू करेगी।
दिपके के अनुसार:
- आंदोलन की शुरुआत पुणे विश्वविद्यालय से होगी।
- इसके बाद जयपुर, लखनऊ और बेंगलुरु सहित कई शहरों में प्रदर्शन होंगे।
- 20 तारीख को दिल्ली के जंतर-मंतर पर बड़ा प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा।
- सभी आंदोलन लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से किए जाएंगे।
कैसे शुरू हुई कॉकरोच जनता पार्टी?
कॉकरोच जनता पार्टी की चर्चा तब शुरू हुई जब सुप्रीम कोर्ट में हुई एक टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर इस नाम से एक मंच बनाया गया।
अभिजित दिपके, जो अमेरिका में रहते हैं, ने सोशल मीडिया पर कॉकरोच जनता पार्टी के नाम से एक पेज बनाया। देखते ही देखते लाखों लोग इससे जुड़ गए और यह अभियान तेजी से वायरल हो गया।
इसके बाद पार्टी ने कथित शिक्षा संबंधी मुद्दों और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े विवादों को उठाना शुरू किया।
सोशल मीडिया से सड़क तक पहुंचा आंदोलन
6 जून को अभिजित दिपके भारत पहुंचे और दिल्ली के जंतर-मंतर पर समर्थकों के साथ प्रदर्शन किया। इसके बाद उन्होंने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग दोहराई और चेतावनी दी कि मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर विस्तारित किया जाएगा।
क्यों चर्चा में हैं काटजू और दिपके?
एक तरफ पूर्व न्यायाधीश मार्कण्डेय काटजू ‘इश्क करो पार्टी’ के जरिए सामाजिक एकता और प्रेम का संदेश देने की बात कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर अभिजित दिपके की कॉकरोच जनता पार्टी युवाओं के मुद्दों को लेकर आंदोलन की राह पर आगे बढ़ रही है।
सोशल मीडिया पर दोनों नामों की चर्चा लगातार बढ़ रही है और आने वाले दिनों में यह बहस राजनीतिक रूप भी ले सकती है।




